AI-generated illustration: a stone city gate with battlements at sunset, a paved path leading through the arch toward a city.
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2 इतिहास

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बाइबल पाठ

कृत्रिम आवाज़ (AI)

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जब सुलैमान यह प्रार्थना कर चुका, तब स्वर्ग से आग ने गिरकर होमबलियों तथा अन्य बलियों को भस्म किया, और यहोवा का तेज भवन में भर गया। यह भी देखें: 1 राजाओं 18:38लैव्यव्यवस्था 9:23-241 इतिहास 21:26याजक यहोवा के भवन में प्रवेश न कर सके, क्योंकि यहोवा का तेज यहोवा के भवन में भर गया था। यह भी देखें: प्रकाशितवाक्य 15:82 इतिहास 5:14निर्गमन 24:17और जब आग गिरी और यहोवा का तेज भवन पर छा गया, तब सब इस्राएली देखते रहे, और फर्श पर झुककर अपना-अपना मुँह भूमि की ओर किए हुए दण्डवत् किया, और यह कहकर यहोवा का धन्यवाद किया, “वह भला है, उसकी करुणा सदा की है।” यह भी देखें: 2 इतिहास 5:132 इतिहास 20:21लूकस 1:50तब सब प्रजा समेत राजा ने यहोवा को बलि चढ़ाई। यह भी देखें: 1 राजाओं 8:62-63राजा सुलैमान ने बाईस हजार बैल और एक लाख बीस हजार भेड़-बकरियाँ चढ़ाई। अतः पूरी प्रजा समेत राजा ने यहोवा के भवन की प्रतिष्ठा की। यह भी देखें: योहन 10:22यहेजकेल 45:172 इतिहास 30:24याजक अपना-अपना कार्य करने को खड़े रहे, और लेवीय भी यहोवा के गीत गाने के लिये वाद्ययंत्र लिये हुए खड़े थे, जिन्हें दाऊद राजा ने यहोवा की सदा की करुणा के कारण उसका धन्यवाद करने को बनाकर उनके द्वारा स्तुति कराई थी; और इनके सामने याजक लोग तुरहियां बजाते रहे; और सब इस्राएली खड़े रहे। यह भी देखें: 2 इतिहास 5:122 इतिहास 7:31 इतिहास 15:16-21फिर सुलैमान ने यहोवा के भवन के सामने आँगन के बीच एक स्थान पवित्र करके होमबलि और मेलबलियों की चर्बी वहीं चढ़ाई, क्योंकि सुलैमान की बनाई हुई पीतल की वेदी होमबलि और अन्नबलि और चर्बी के लिये छोटी थी। यह भी देखें: इब्रानियों 13:10-121 राजाओं 8:64-662 इतिहास 36:14उसी समय सुलैमान ने और उसके संग हमात की घाटी से लेकर मिस्र के नाले तक के समस्त इस्राएल की एक बहुत बड़ी सभा ने सात दिन तक पर्व को माना। यह भी देखें: उत्पत्ति 15:181 राजाओं 8:65जकर्याह 14:16-19और आठवें दिन उन्होंने महासभा की, उन्होंने वेदी की प्रतिष्ठा सात दिन की; और पर्वों को भी सात दिन माना। यह भी देखें: लैव्यव्यवस्था 23:36योएल 1:142 इतिहास 30:23सातवें महीने के तेईसवें दिन को उसने प्रजा के लोगों को विदा किया, कि वे अपने-अपने डेरे को जाएँ, और वे उस भलाई के कारण जो यहोवा ने दाऊद और सुलैमान और अपनी प्रजा इस्राएल पर की थी आनन्दित थे। यह भी देखें: 1 राजाओं 8:66स्तोत्र ग्रन्थ 100:22 इतिहास 6:41अतः सुलैमान यहोवा के भवन और राजभवन को बना चुका, और यहोवा के भवन में और अपने भवन में जो कुछ उसने बनाना चाहा, उसमें उसका मनोरथ पूरा हुआ। यह भी देखें: 1 राजाओं 9:1-92 इतिहास 2:1सभोपदेशक 2:10-11तब यहोवा ने रात में उसको दर्शन देकर उससे कहा, “मैंने तेरी प्रार्थना सुनी और इस स्थान को यज्ञ के भवन के लिये अपनाया है। यह भी देखें: उत्पत्ति 17:12 इतिहास 7:162 इतिहास 1:7यदि मैं आकाश को ऐसा बन्द करूँ, कि वर्षा न हो, या टिड्डियों को देश उजाड़ने की आज्ञा दूँ, या अपनी प्रजा में मरी फैलाऊं, यह भी देखें: 2 इतिहास 6:26-28व्यवस्थाविवरण 11:17प्रकाशितवाक्य 11:6तब यदि मेरी प्रजा के लोग जो मेरे कहलाते हैं, दीन होकर प्रार्थना करें और मेरे दर्शन के खोजी होकर अपनी बुरी चाल से फिरें, तो मैं स्वर्ग में से सुनकर उनका पाप क्षमा करूँगा और उनके देश को ज्यों का त्यों कर दूँगा। यह भी देखें: विलापगीत 3:40-41यशायाह 55:6-7याकूब 4:9-10अब से जो प्रार्थना इस स्थान में की जाएगी, उस पर मेरी आँखें खुली और मेरे कान लगे रहेंगे। यह भी देखें: 1 पतरस 3:122 इतिहास 6:402 इतिहास 6:20क्योंकि अब मैंने इस भवन को अपनाया और पवित्र किया है कि मेरा नाम सदा के लिये इसमें बना रहे; मेरी आँखें और मेरा मन दोनों नित्य यहीं लगे रहेंगे। यह भी देखें: 2 इतिहास 7:152 इतिहास 7:122 इतिहास 6:5-6यदि तू अपने पिता दाऊद के समान अपने को मेरे सम्मुख जानकर चलता रहे और मेरी सब आज्ञाओं के अनुसार किया करे, और मेरी विधियों और नियमों को मानता रहे, यह भी देखें: यहेजकेल 36:271 राजाओं 11:38जकर्याह 3:7तो मैं तेरी राजगद्दी को स्थिर रखूँगा; जैसे कि मैंने तेरे पिता दाऊद के साथ वाचा बाँधी थी, कि तेरे कुल में इस्राएल पर प्रभुता करनेवाला सदा बना रहेगा। यह भी देखें: 2 इतिहास 6:16यिर्मयाह 33:20-212 शमूएल 7:13-16परन्तु यदि तुम लोग फिरो, और मेरी विधियों और आज्ञाओं को जो मैंने तुम को दी हैं त्यागो, और जाकर पराए देवताओं की उपासना करो और उन्हें दण्डवत् करो, यह भी देखें: व्यवस्थाविवरण 28:15लैव्यव्यवस्था 26:14लैव्यव्यवस्था 26:33-46तो मैं उनको अपने देश में से जो मैंने उनको दिया है, जड़ से उखाड़ूँगा; और इस भवन को जो मैंने अपने नाम के लिये पवित्र किया है, अपनी दृष्टि से दूर करूँगा; और ऐसा करूँगा कि देश-देश के लोगों के बीच उसकी उपमा और नामधराई चलेगी। यह भी देखें: 2 राजाओं 17:20व्यवस्थाविवरण 28:371 राजाओं 9:7यह भवन जो इतना विशाल है, उसके पास से आने-जानेवाले चकित होकर पूछेंगे, ‘यहोवा ने इस देश और इस भवन से ऐसा क्यों किया है?’ यह भी देखें: यिर्मयाह 22:8-9यिर्मयाह 19:8यिर्मयाह 16:10-12तब लोग कहेंगे, ‘उन लोगों ने अपने पितरों के परमेश्वर यहोवा को जो उनको मिस्र देश से निकाल लाया था, त्याग कर पराए देवताओं को ग्रहण किया, और उन्हें दण्डवत् की और उनकी उपासना की, इस कारण उसने यह सब विपत्ति उन पर डाली है।’” यह भी देखें: विलापगीत 4:13-15दानिय्येल 9:12विलापगीत 2:16-17

यह भी देखें: क्रॉस-संदर्भ OpenBible.info (CC BY) से, आंशिक रूप से Treasury of Scripture Knowledge (सार्वजनिक डोमेन) पर आधारित।

टिप्पणियाँ · हेडॉक (1859, सार्वजनिक डोमेन)8 टिप्पणियाँ

टिप्पणियाँ अंग्रेज़ी में फ़ा. जॉर्ज लियो हेडॉक की 19वीं सदी की काथलिक टीका, जैसी प्रकाशित हुई।

ये टिप्पणियाँ अपने समय के विवादों को बनाए रखती हैं: कुछ यहूदी लोगों या अन्य ख्रीस्तीयों के बारे में कठोरता से बोलती हैं। आज कलीसिया कुछ और सिखाती है: ख्रीस्त की मृत्यु के लिए यहूदी लोगों को दोषी नहीं ठहराया जा सकता (नोस्त्रा एताते 4; धर्मशिक्षा 597–598), और अन्य समुदायों के ख्रीस्तीय प्रभु में हमारे भाई-बहन हैं (उनितातिस रेदिन्तेग्रात्सियो 3)। ख्रीस्तीय एकता

2 इतिहास 7:2

Ver. 2. Majesty; the cloud. For some time the priests were obliged to keep at a distance. They afterwards offered up many victims. C.

↑ 2

2 इतिहास 7:3

Ver. 3. Glory. The same word was before rendered majesty. H.

↑ 3

2 इतिहास 7:4

Ver. 4. Victims, by the hands of the priests: or they slew them themselves, and presented the blood and fat to be placed on the altar by the priests.

↑ 4

2 इतिहास 7:5

Ver. 5. Rams, including sheep and goats. --- People, each in their proper sphere. The priests had the chief part, as the ministers of religion. The solemnity continued for a week, and many altars were erected in the court. C.

↑ 5

2 इतिहास 7:6

Ver. 6. Which music, or Psalms, ( carminum) David had composed. H. ---

Because. This was the chorus of the 135th Psalm, which was sung on this occasion by some, while others played on their musical instruments. C. --- Lit.

" singing by their hands." Prot. "when David praised by their ministry." H. ---

As the temple was chosen by God for the place of prayer, so special forms of blessing, &c. are more agreeable to him. W.

↑ 6

2 इतिहास 7:9

Ver. 9. Solemnity of tabernacles, (M.) which ensued after the dedication was ended.

↑ 9

2 इतिहास 7:10

Ver. 10. Day. He had given them leave to depart, the day before. 3 K. viii. 66.

↑ 10

2 इतिहास 7:14

Ver. 14. Face, to appease me, that I may look down upon them in mercy. C.

↑ 14

लाइसेंस: Notes by Fr. George Leo Haydock (1774–1849), from the Douay-Rheims Bible with Haydock's commentary (first ed. Thomas Haydock, Manchester/Dublin, 1811–1814; New York: Edward Dunigan & Brother, 1859); New Testament notes compiled with Fr. Benedict Rayment. Public domain. Digital text: "The Haydock Bible", Internet Archive (archive.org/details/TheHaydockBible), uploaded 2011 under the Public Domain Mark. · आभार और लाइसेंस

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